उधम सिंह नगर के दिनेशपुर थाना क्षेत्र में स्वास्थ्य विभाग और पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में एक कथित फर्जी डॉक्टर का पर्दाफाश हुआ है। आरोपी युवक पर बिना वैध चिकित्सकीय योग्यता के इलाज करने और दवाओं में मिलावट कर मरीजों की जान से खिलवाड़ करने का आरोप है।

सूत्रों के अनुसार, पीलीभीत निवासी एक युवक लंबे समय से क्षेत्र में क्लीनिक संचालित कर रहा था और खुद को डॉक्टर बताकर मरीजों का उपचार कर रहा था। स्थानीय लोगों ने आरोप लगाया कि वह आयुर्वेदिक दवाओं में एलोपैथिक दवाएं मिलाकर दे रहा था, जिससे मरीजों की सेहत को गंभीर खतरा पैदा हो रहा था। लगातार मिल रही शिकायतों के बाद प्रशासन ने कार्रवाई की।
शिकायत के आधार पर दिनेशपुर पुलिस, आयुर्वेदिक स्वास्थ्य विभाग और संबंधित अधिकारियों की टीम ने संयुक्त छापेमारी कर क्लीनिक की जांच की। इस दौरान बड़ी मात्रा में संदिग्ध दवाएं बरामद की गईं। प्रारंभिक जांच में सामने आया कि आरोपी केवल 12वीं पास है और उसके पास किसी प्रकार की मान्य चिकित्सकीय डिग्री या लाइसेंस नहीं है, बावजूद इसके वह करीब एक साल से इलाज कर रहा था।
स्वास्थ्य विभाग की टीम ने बरामद दवाओं के सैंपल लेकर प्रयोगशाला भेज दिए हैं। साथ ही क्लीनिक से जुड़े दस्तावेजों की जांच में भी कई अनियमितताएं पाई गई हैं। ड्रग इंस्पेक्टर ने बताया कि जांच रिपोर्ट आने के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
घटना के बाद क्षेत्र में हड़कंप का माहौल है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि ऐसे फर्जी डॉक्टरों के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएं, ताकि लोगों की सेहत के साथ हो रहे इस तरह के खिलवाड़ पर रोक लगाई जा सके।