अंकिता भंडारी हत्याकांड में कथित वीआईपी की भूमिका को लेकर वायरल ऑडियो और वीडियो की जांच के बीच पूर्व विधायक सुरेश राठौर और अभिनेत्री उर्मिला सनावर ने नार्को टेस्ट कराने पर सहमति जता दी है। शुक्रवार को दोनों विशेष न्यायिक मजिस्ट्रेट (सीबीआई) की अदालत में पेश हुए। इस दौरान दोनों ने नार्को टेस्ट के साथ पॉलीग्राफ यानी लाई डिटेक्टर टेस्ट कराने के लिए भी अपनी सहमति दी।

अदालत में उर्मिला सनावर ने मांग रखी कि उनका नार्को और पॉलीग्राफ टेस्ट पूरी मीडिया के सामने कराया जाए। वहीं, सुरेश राठौर ने जांच में पूरा सहयोग करने की बात कही। उर्मिला की ओर से लगाए गए आरोपों पर उन्होंने कोई टिप्पणी नहीं की। अदालत ने दोनों को 26 अक्टूबर को दोबारा पेश होने के निर्देश दिए हैं।
वायरल ऑडियो-वीडियो मामले में जारी हुआ था नोटिस
सीबीआई की विशेष न्यायिक मजिस्ट्रेट अदालत ने वायरल ऑडियो से जुड़े मामले में दोनों को नार्को टेस्ट के लिए सहमति देने के संबंध में नोटिस जारी किया था। अदालत ने उन्हें शुक्रवार को उपस्थित होने के निर्देश दिए थे।
निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार, सुरेश राठौर सुबह करीब 10:30 बजे अदालत पहुंचे और टेस्ट के लिए सहमति दी। इसके लगभग आधे घंटे बाद उर्मिला सनावर भी अदालत पहुंचीं। उन्होंने भी नार्को और पॉलीग्राफ टेस्ट कराने पर सहमति जताई।
कथित वीआईपी की भूमिका को लेकर जांच पर नजर
अंकिता भंडारी हत्याकांड में कथित वीआईपी के नाम को लेकर वायरल हुए ऑडियो और वीडियो ने मामले को फिर चर्चा में ला दिया है। ऐसे में दोनों की ओर से टेस्ट के लिए सहमति दिए जाने को जांच के लिहाज से अहम माना जा रहा है।
हालांकि, केवल सहमति मिलने से टेस्ट की प्रक्रिया पूरी नहीं हो जाती। इसे कराने की आगे की प्रक्रिया और संबंधित शर्तों पर निर्णय होना बाकी है। अब 26 अक्टूबर को होने वाली अगली पेशी पर सभी की नजरें रहेंगी।
