अल्मोड़ा/रामनगर। उत्तराखंड के अल्मोड़ा जिले के सल्ट तहसील क्षेत्र में मंगलवार सुबह एक बड़ा सड़क हादसा हो गया। भिकियासैंण–विनायक मोटर मार्ग पर द्वाराहाट से रामनगर की ओर जा रही यात्रियों से भरी कुमाऊं मोटर ऑनर्स यूनियन (केएमओयू) की बस अनियंत्रित होकर सैलापानी बैंड के पास गहरी खाई में जा गिरी। हादसे के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई।

प्रशासनिक सूत्रों के अनुसार, इस दर्दनाक दुर्घटना में 7 यात्रियों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि लगभग 12 लोग घायल हुए हैं। कई घायलों की हालत गंभीर बताई जा रही है। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस, प्रशासन, एसडीआरएफ और आपदा प्रबंधन की टीमें मौके पर पहुंचीं और राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया गया। दुर्गम और पहाड़ी इलाका होने के कारण रेस्क्यू अभियान में काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ा।
दुर्घटनाग्रस्त बस केएमओयू लिमिटेड की है, जिसका पंजीकरण नंबर यूके 07 पीए 4025 बताया गया है। जानकारी के अनुसार, बस सोमवार सुबह 11 बजे रामनगर से द्वाराहाट नोबाड़ा के लिए रवाना हुई थी। मंगलवार सुबह करीब साढ़े छह बजे बस द्वाराहाट नोबाड़ा से रामनगर लौट रही थी, तभी करीब सुबह 8 बजे सैलापानी बैंड के समीप यह हादसा हो गया। बस में कुल 19 यात्री सवार थे। बस चालक और परिचालक सुरक्षित बताए जा रहे हैं।
अल्मोड़ा के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक देवेंद्र पिंचा ने बताया कि हादसे की सूचना मिलते ही तत्काल रेस्क्यू टीमें मौके पर भेजी गईं। सभी घायलों को खाई से निकालकर नजदीकी अस्पतालों में भर्ती कराया गया है, जबकि गंभीर रूप से घायलों को बेहतर उपचार के लिए उच्च चिकित्सा केंद्रों में रेफर किया गया है।

जिला प्रशासन के मुताबिक, मृतकों में 4 पुरुष और 3 महिलाएं शामिल हैं। मृतकों की पहचान गोविंद बल्लभ (80 वर्ष), पार्वती देवी (75 वर्ष), रिटायर्ड सूबेदार नंदन सिंह (65 वर्ष), तारा देवी (50 वर्ष), गणेश (25 वर्ष), उमेश (25 वर्ष) के रूप में हुई है, जबकि एक अन्य मृतक की शिनाख्त की जा रही है।
हादसे में घायल लोगों में नंदा बल्लभ, राकेश कुमार, नंदा देवी, हंसी सती, मोहित सती, बुद्धिबल्लभ भगत, हरीश चंद्र, भूपेंद्र सिंह अधिकारी, जितेंद्र रेखाड़ी, बस चालक नवीन चंद्र तिवारी, हिमांशु पालीवाल और प्रकाश चंद्र शामिल हैं।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने हादसे पर गहरा दुख जताया है। उन्होंने कहा कि भिकियासैंण–विनायक मार्ग पर बस दुर्घटना की सूचना अत्यंत दुःखद है। जिला प्रशासन को घायलों के समुचित इलाज के निर्देश दिए गए हैं और सरकार पूरे घटनाक्रम पर लगातार नजर बनाए हुए है।
उल्लेखनीय है कि सल्ट तहसील क्षेत्र में बीते 14 महीनों के भीतर यह दूसरा बड़ा बस हादसा है। इससे पहले नवंबर 2024 में मारचूला क्षेत्र में हुई बस दुर्घटना में 36 लोगों की दर्दनाक मौत हो चुकी है, जिसके बाद से क्षेत्र में सड़क सुरक्षा को लेकर लगातार सवाल उठ रहे हैं।
