उत्तरकाशी जिले की पुरोला विधानसभा सीट से पूर्व विधायक राजेश जुवांठा के निधन से पूरे क्षेत्र में शोक की लहर फैल गई है। उनके असामयिक निधन की सूचना मिलते ही राजनीतिक, सामाजिक और व्यापारिक संगठनों में शोक व्याप्त हो गया। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने भी उनके निधन पर गहरा दुख व्यक्त करते हुए दिवंगत आत्मा की शांति तथा शोकाकुल परिजनों और समर्थकों को यह दुःख सहन करने की शक्ति देने की प्रार्थना की है।

राजेश जुवांठा ने वर्ष 2007 से 2012 तक पुरोला विधानसभा क्षेत्र का प्रतिनिधित्व किया। अपने कार्यकाल के दौरान वे एक ईमानदार, सरल और मिलनसार जनप्रतिनिधि के रूप में पहचाने जाते थे। क्षेत्रवासियों के बीच उनकी सहजता और आम लोगों के प्रति अपनापन उन्हें विशेष सम्मान दिलाता था। वे उत्तर प्रदेश की पूर्व मुलायम सिंह यादव सरकार में पर्वतीय विकास मंत्री रहे स्वर्गीय बर्फिया लाल जुवांठा के पुत्र थे।
परिजनों के अनुसार राजेश जुवांठा लंबे समय से अस्वस्थ चल रहे थे। उनके निधन की खबर से पूरे क्षेत्र में शोक का माहौल है। सूचना मिलते ही विभिन्न राजनीतिक दलों, सामाजिक संगठनों और व्यापारिक संस्थाओं ने शोक व्यक्त किया।
पुरोला विधानसभा क्षेत्र से पूर्व विधायक श्री राजेश जुवांठा जी के निधन का समाचार अत्यंत दुःखद है।
ईश्वर से प्रार्थना है कि पुण्यात्मा को श्रीचरणों में स्थान एवं शोक संतप्त परिवारजनों व समर्थकों को यह असीम दुःख सहन करने की शक्ति प्रदान करें।
।। ॐ शांति ।। pic.twitter.com/5rRkJ6fHqZ
— Pushkar Singh Dhami (@pushkardhami) December 22, 2025
राजेश जुवांठा एक प्रतिष्ठित राजनीतिक परिवार से थे। उनके पिता स्वर्गीय बर्फिया लाल जुवांठा ने पर्वतीय क्षेत्रों के विकास के लिए महत्वपूर्ण कार्य किए और एक कर्मठ नेता के रूप में अपनी पहचान बनाई। उनकी माता शांति जुवांठा विकासनगर नगर पालिका की दो बार अध्यक्ष रह चुकी हैं। राजेश जुवांठा अपने पीछे पत्नी, एक पुत्र और एक पुत्री को छोड़ गए हैं। उनके आकस्मिक निधन से परिवार सहित क्षेत्र के लोग गहरे सदमे में हैं।
पूर्व विधायक के निधन पर पुरोला सहित विभिन्न स्थानों पर शोक सभाओं का आयोजन किया गया। जनप्रतिनिधियों और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने दिवंगत आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना करते हुए शोक संतप्त परिवार के प्रति संवेदनाएं व्यक्त कीं। क्षेत्रीय नेताओं ने उनके निधन को क्षेत्र के लिए अपूरणीय क्षति बताया।
