रुद्रपुर। राजकीय मेडिकल कॉलेज रुद्रपुर में फैकल्टी की कमी को दूर करने की दिशा में अहम कदम उठाया गया है। शासन स्तर से नियुक्त चार असिस्टेंट प्रोफेसर और एक सीनियर रेजिडेंट ने मेडिकल कॉलेज में कार्यभार ग्रहण कर लिया है। नए डॉक्टरों की नियुक्ति से अस्पताल में उपचार व्यवस्था के साथ मेडिकल छात्रों की पढ़ाई को भी मजबूती मिलने की उम्मीद है।

मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. सीपी भैसोड़ा ने बताया कि डॉ. कौशल पांडे को एनेस्थीसिया विभाग में असिस्टेंट प्रोफेसर नियुक्त किया गया है। डॉ. सोनाली थॉमस को एनाटॉमी, डॉ. कुणाल शर्मा को फार्माकोलॉजी और डॉ. दीपांकर नायल को सर्जरी विभाग में असिस्टेंट प्रोफेसर की जिम्मेदारी दी गई है।
वहीं, डॉ. मोहम्मद आमिर खान ने जनरल मेडिसिन विभाग में सीनियर रेजिडेंट के पद पर कार्यभार संभाला है। इन नियुक्तियों से मेडिकल कॉलेज के कई महत्वपूर्ण विभागों में चिकित्सकीय एवं शैक्षणिक सेवाओं को मजबूती मिलने की संभावना है।
ऑपरेशन और उपचार व्यवस्था को मिलेगी मजबूती
एनेस्थीसिया और सर्जरी विभाग में फैकल्टी बढ़ने से ऑपरेशन संबंधी सेवाओं को विस्तार देने में मदद मिलेगी। इससे नियमित ऑपरेशन के साथ जटिल सर्जरी के लिए भी अस्पताल की क्षमता बढ़ाने में सहयोग मिलेगा।
जनरल मेडिसिन विभाग में सीनियर रेजिडेंट की तैनाती से इमरजेंसी और वार्ड में मरीजों की देखभाल को बेहतर करने में मदद मिलेगी। चिकित्सकों की उपलब्धता बढ़ने से मरीजों की जांच और उपचार प्रक्रिया अधिक व्यवस्थित हो सकेगी।
MBBS छात्रों की पढ़ाई भी होगी बेहतर
एनाटॉमी और फार्माकोलॉजी विभाग में असिस्टेंट प्रोफेसर की नियुक्ति का लाभ एमबीबीएस छात्रों को भी मिलेगा। पर्याप्त फैकल्टी उपलब्ध होने से कक्षाओं और अन्य शैक्षणिक गतिविधियों का संचालन सुचारू रूप से किया जा सकेगा।
मेडिकल कॉलेज प्रशासन के अनुसार, नए डॉक्टरों की नियुक्ति से चिकित्सकीय सेवाओं के साथ शैक्षणिक व्यवस्था को भी मजबूती मिलेगी। साथ ही, राष्ट्रीय आयुर्विज्ञान आयोग (NMC) के मानकों के अनुरूप फैकल्टी की उपलब्धता सुनिश्चित करने में भी मदद मिलेगी।
