

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार खेलों को उत्तराखंड के उज्ज्वल भविष्य की नींव मानती है। इसी सोच के साथ खेल महाकुंभ की शुरुआत की गई, ताकि प्रदेश के हर गांव में छिपी खेल प्रतिभाओं को मंच मिल सके और खिलाड़ी अपनी क्षमता के अनुसार आगे बढ़ सकें।
न्याय पंचायत से राज्य स्तर तक खिलाड़ियों ने दिखाई प्रतिभा
सीएम धामी ने कहा कि खेल महाकुंभ में न्याय पंचायत स्तर से लेकर राज्य स्तर तक खिलाड़ियों ने प्रतिभाग किया। इस आयोजन में कुल 3 लाख 35 हजार खिलाड़ियों ने हिस्सा लिया। उन्होंने कहा कि सरकार का प्रयास है कि संसाधनों की कमी के कारण कोई भी प्रतिभाशाली बच्चा खेल के क्षेत्र में आगे बढ़ने से वंचित न रहे।
खिलाड़ियों के खातों में भेजी जा रही ₹11.30 करोड़ की धनराशि
मुख्यमंत्री ने बताया कि खेल महाकुंभ के तहत खिलाड़ियों को प्रोत्साहित करने के लिए 11 करोड़ 30 लाख रुपये की धनराशि डीबीटी (डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर) के माध्यम से उनके बैंक खातों में भेजी जा रही है। उन्होंने कहा कि इस पहल का उद्देश्य खिलाड़ियों को प्रोत्साहन देना और प्रदेश में खेल प्रतिभाओं को आगे बढ़ने के अवसर उपलब्ध कराना है।
