रुद्रपुर: भाजपा मंडल महामंत्री पारस चुघ और उनके भाई की गिरफ्तारी की मांग को लेकर सोमवार को रुद्रपुर में वाल्मीकि समाज ने जोरदार प्रदर्शन किया। सुबह नगर निगम परिसर से शुरू हुआ आंदोलन दोपहर तक कोतवाली और फिर रामपुर हाईवे तक पहुंच गया। करीब छह घंटे तक शहर में तनावपूर्ण माहौल बना रहा। हाईवे पर प्रदर्शन के दौरान पुलिस को प्रदर्शनकारियों को हटाने के लिए सख्ती करनी पड़ी।

वाल्मीकि समाज के लोग पारस चुघ, उनके भाई सन्नी समेत 12 अज्ञात लोगों के खिलाफ दर्ज मुकदमे में तत्काल गिरफ्तारी की मांग कर रहे थे। प्रदर्शनकारी सुबह करीब 11 बजे नगर निगम पहुंचे और धरने पर बैठ गए। कुछ ही देर में प्रदर्शन में लोगों की संख्या बढ़ने लगी।
प्रदर्शन में कांग्रेस नेताओं ने भी दिया साथ
वाल्मीकि समाज के आंदोलन को कांग्रेस कार्यकर्ताओं का भी समर्थन मिला। नगर निगम परिसर में मेयर विकास शर्मा और पूर्व मेयर रामपाल भी धरने में शामिल हुए।
दोपहर करीब एक बजे प्रदर्शनकारियों ने नगर निगम से जुलूस निकाला और कोतवाली पहुंच गए। यहां सीओ कार्यालय के सामने धरना शुरू किया गया। पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को कोतवाली के गेट पर रोकने का प्रयास किया, जिसके दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं और पुलिस के बीच धक्का-मुक्की हो गई।
रामपुर हाईवे पर जाम, वाहनों की लगी कतार
कोतवाली से प्रदर्शनकारी आगे बढ़ते हुए करीब ढाई बजे रामपुर हाईवे पर पहुंच गए और सड़क पर बैठकर जाम लगा दिया। करीब 15 मिनट तक हाईवे पर नारेबाजी और प्रदर्शन चलता रहा। जाम के कारण सड़क के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं।
स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को हाईवे से हटाया। इसके बाद यातायात धीरे-धीरे सामान्य हुआ।
फ्लाईओवर के पास स्कूटी टकराने से शुरू हुआ विवाद
पूरा मामला शुक्रवार रात का है। गांधी कॉलोनी निवासी अभिषेक वाल्मीकि अपने दोस्त जतिन के साथ स्कूटी से जा रहा था। आरोप है कि फ्लाईओवर के पास एक स्कॉर्पियो ने उनकी स्कूटी को टक्कर मार दी।
आरोप के मुताबिक, टक्कर के बाद स्कॉर्पियो सवारों ने दोनों युवकों के साथ मारपीट की। कुछ देर बाद भाजपा मंडल महामंत्री पारस चुघ भी मौके पर पहुंचे और उनके साथ गाली-गलौज व मारपीट किए जाने का आरोप है।
घटना के बाद दी गई तहरीर के आधार पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी।
पुलिस का पक्ष- सीसीटीवी में मारपीट की पुष्टि नहीं
पुलिस के मुताबिक, मामले में तहरीर मिलते ही प्राथमिकी दर्ज कर विवेचना शुरू कर दी गई थी। घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी खंगाली गई।
एसपी सिटी डॉ. उत्तम सिंह नेगी ने कहा कि सीसीटीवी फुटेज में मारपीट की पुष्टि नहीं हुई है। उन्होंने बताया कि पुलिस मामले से जुड़े सभी तथ्यों और साक्ष्यों की जांच कर रही है। जांच में जो तथ्य सामने आएंगे, उसी के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
फिलहाल पुलिस की जांच जारी है, जबकि वाल्मीकि समाज ने आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर आंदोलन आगे भी जारी रखने की चेतावनी दी है।
