चमोली: उत्तराखंड के चमोली में 13 अगस्त को पीपलकोटी-विष्णुगाड जल विद्युत परियोजना की टनल में हुए हादसे के पीड़ितों के लिए बड़ी राहत की खबर है। प्रधानमंत्री राष्ट्रीय राहत कोष (PMNRF) से हादसे में मृतकों के परिजनों और गंभीर रूप से घायल श्रमिकों के लिए अनुग्रह राशि स्वीकृत की गई है। टनल में भारी भूस्खलन और पहाड़ी से पानी का रिसाव होने के बाद 22 श्रमिक फंस गए थे, जिनमें 11 लोगों की मौत हुई थी।

मृतकों के परिजनों को मिलेंगे 2-2 लाख रुपये
प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) की ओर से 19 अगस्त को जारी पत्र के अनुसार, हादसे में जान गंवाने वाले श्रमिकों के परिजनों को दो-दो लाख रुपये की अनुग्रह राशि दी जाएगी। वहीं, गंभीर रूप से घायल श्रमिकों को 50-50 हजार रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान की जाएगी।
सरकार की ओर से स्पष्ट किया गया है कि स्वीकृत सहायता राशि संबंधित लाभार्थियों के बैंक खातों में सीधे भेजी जाएगी। इसके लिए पीड़ितों और उनके परिजनों से जुड़े जरूरी दस्तावेज जुटाने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
जिलाधिकारी को दिए गए जरूरी निर्देश
प्रधानमंत्री कार्यालय ने चमोली के जिलाधिकारी गौरव कुमार को पीड़ितों से संबंधित आवश्यक विवरण ऑनलाइन एक्स-ग्रेशिया पोर्टल पर दर्ज करने के निर्देश दिए हैं। इसके साथ ही लाभार्थियों के बैंक खातों से संबंधित प्रमाणित दस्तावेज भी पोर्टल पर अपलोड करने को कहा गया है।
जिला प्रशासन को निर्धारित प्रक्रिया के तहत मृतकों के परिजनों और घायलों का सत्यापित विवरण उपलब्ध कराने की जिम्मेदारी दी गई है, ताकि सहायता राशि जारी करने की प्रक्रिया को आगे बढ़ाया जा सके।
टनल हादसे में 11 श्रमिकों की हुई थी मौत
13 अगस्त को पीपलकोटी-विष्णुगाड जल विद्युत परियोजना की टनल में भारी भूस्खलन और पानी के रिसाव के चलते बड़ा हादसा हुआ था। हादसे के बाद टनल के भीतर 22 श्रमिक फंस गए थे। राहत और बचाव टीमों ने लंबे समय तक अभियान चलाया, लेकिन इस दुर्घटना में 11 श्रमिकों की जान चली गई।
अब PMNRF से अनुग्रह राशि स्वीकृत होने के बाद हादसे में जान गंवाने वाले श्रमिकों के परिवारों और गंभीर रूप से घायल लोगों को आर्थिक सहायता मिलने का रास्ता साफ हो गया है।
