देहरादून। देशभर में सख्त सुरक्षा व्यवस्था के बीच आयोजित NEET UG 2026 का री-एग्जाम रविवार को सफलतापूर्वक संपन्न हो गया। उत्तराखंड में भी परीक्षा शांतिपूर्ण माहौल में आयोजित की गई, जहां प्रशासन और पुलिस की कड़ी निगरानी देखने को मिली।

प्रदेश में 21 हजार से अधिक अभ्यर्थियों ने परीक्षा के लिए पंजीकरण कराया था, लेकिन बड़ी संख्या में छात्र परीक्षा केंद्रों तक नहीं पहुंच सके। देहरादून, नैनीताल और टिहरी जिलों में उल्लेखनीय अनुपस्थिति दर्ज की गई।
देहरादून में सबसे ज्यादा 885 अभ्यर्थी अनुपस्थित
देहरादून जिले में कुल 16 परीक्षा केंद्र बनाए गए थे, जहां 6,810 अभ्यर्थियों को परीक्षा देनी थी। इनमें से 5,925 अभ्यर्थी ही उपस्थित हुए, जबकि 885 छात्र परीक्षा से अनुपस्थित रहे।
नैनीताल और टिहरी में भी दिखा असर
नैनीताल में 4,073 में से 468 अभ्यर्थी परीक्षा में शामिल नहीं हुए। वहीं टिहरी में 179 में से 21 छात्र अनुपस्थित रहे। इन आंकड़ों ने परीक्षा प्रबंधन से जुड़े अधिकारियों का ध्यान खींचा है।
राज्यभर में 53 केंद्रों पर परीक्षा
उत्तराखंड में इस बार कुल 53 परीक्षा केंद्र बनाए गए थे। सभी केंद्रों पर सघन सुरक्षा व्यवस्था लागू रही। अभ्यर्थियों की एंट्री से पहले पहचान पत्रों की जांच और तलाशी ली गई। नकल रोकने के लिए सीसीटीवी, जैमर और अन्य आधुनिक तकनीकों का इस्तेमाल किया गया।
अनुपस्थिति के कारणों पर चर्चा
विशेषज्ञों के अनुसार, कई अभ्यर्थी अन्य परीक्षाओं की तैयारी, स्वास्थ्य कारणों या यात्रा संबंधी समस्याओं के चलते परीक्षा में शामिल नहीं हो पाए। हालांकि, वास्तविक कारणों का पता विस्तृत समीक्षा के बाद ही चलेगा।
अब परिणाम पर टिकी निगाहें
परीक्षा संपन्न होने के बाद अब अभ्यर्थियों को राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (NTA) की ओर से जारी होने वाली आंसर-की और परिणाम का इंतजार है। प्रशासन ने परीक्षा को निष्पक्ष और सफल बताया है।
