ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (AIMIM) के प्रमुख और लोकसभा सांसद असदुद्दीन ओवैसी ने भारत और पाकिस्तान के बीच होने वाले एशिया कप क्रिकेट मैच का बहिष्कार करने का ऐलान किया है। उन्होंने कहा कि वह दुबई में होने वाला यह मुकाबला नहीं देखेंगे।

पाकिस्तान से क्रिकेट पर आपत्ति
इंडिया टुडे के एक पॉडकास्ट में ओवैसी ने कहा कि वह हैरान हैं कि ऐसे हालात में पाकिस्तान के साथ क्रिकेट खेला जा रहा है। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बयानों का जिक्र करते हुए कहा—“पानी और खून एक साथ नहीं बह सकते” और “आतंकवाद और बातचीत साथ नहीं चल सकते”—फिर भी मैच खेलना विरोधाभासी है।
व्यापार, जल संधि और हवाई सेवा बंद, फिर भी मैच
संसद के मानसून सत्र में ओवैसी ने सरकार से पूछा कि जब पाकिस्तान के साथ व्यापार, जल संधि और हवाई सेवाएं बंद हैं, तो क्रिकेट खेलना क्या समझदारी है? उन्होंने कहा कि अनुच्छेद 370 हटाने के बावजूद कश्मीर में आतंकवाद जारी है।
पहलगाम हमला और सख्त बयान
हाल ही में पहलगाम में हुए आतंकी हमले को उन्होंने ‘दर्दनाक’ और ‘भयावह’ करार दिया, जहां लोगों को उनके परिवार के सामने गोली मार दी गई। ओवैसी ने कहा कि ऐसे हालात में पाकिस्तान के साथ खेल का कोई औचित्य नहीं है।
बीसीसीआई और सरकार को देनी चाहिए सफाई
ओवैसी ने कहा कि जब पाकिस्तान पर इतने सख्त कदम उठाए गए हैं, तब भी क्रिकेट खेलने की अनुमति क्यों दी गई? इसका जवाब बीसीसीआई और केंद्र सरकार को देना चाहिए।
नाथूराम गोडसे पर टिप्पणी
गृह मंत्री अमित शाह के ‘हिंदू आतंकवाद’ से इनकार वाले बयान पर पलटवार करते हुए ओवैसी ने पूछा—“महात्मा गांधी, इंदिरा गांधी और राजीव गांधी की हत्या किसने की? दिल्ली में सिखों का नरसंहार किसने किया?” उन्होंने नाथूराम गोडसे को स्वतंत्र भारत का पहला आतंकवादी बताया।
